
तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
बिलासपुर जिले के ग्राम रलिया, विकासखंड मस्तूरी में एनटीपीसी सीपत के सीएसआर मद से स्वीकृत ₹44 लाख 53 हजार 910 रुपये की लागत से कराए जा रहे श्मशान घाट निर्माण कार्य को लेकर छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना ने जिला कलेक्टर से जांच की मांग की है।संगठन ने शिकायत में कहा है कि राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार श्मशान घाट के लिए लगभग 4 एकड़ भूमि निर्धारित है। संगठन का आरोप है कि भूमि का विधिवत सीमांकन एवं चिन्हांकन कराए बिना ही श्मशान घाट के एक छोटे हिस्से में बाउंड्रीवॉल निर्माण कराया जा रहा है। इसको लेकर ग्रामीणों के बीच भी सवाल उठ रहे हैं।छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के जिला संयोजक ने मांग की है कि पहले राजस्व विभाग से पूरी भूमि का सीमांकन कराया जाए और उसके बाद ही निर्माण कार्य कराया जाए। साथ ही स्वीकृत डीपीआर, तकनीकी स्वीकृति, कार्यादेश, माप पुस्तिका, बिल-वाउचर, भुगतान विवरण और उपयोगिता प्रमाण-पत्र की जांच कराने की मांग की गई है।संगठन ने निर्माण में उपयोग की जा रही डीपीसी , सीमेंट, रेत, गिट्टी, ईंट सहित अन्य निर्माण सामग्री की गुणवत्ता का तकनीकी परीक्षण कराने तथा स्वीकृत राशि के मुकाबले मौके पर हुए वास्तविक निर्माण का भौतिक सत्यापन कराने की भी मांग की है।छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के जिला अध्यक्ष अनिल कुमार पाली ने कहा कि मामला सार्वजनिक राशि और ग्रामीणों की मूलभूत सुविधा से जुड़ा है। इसलिए प्रशासन को पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। जांच में किसी प्रकार की वित्तीय या तकनीकी अनियमितता प्रमाणित होने पर संबंधित जिम्मेदारों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए।



