
नूर मोहम्मद,जिला ब्यूरोचीफ, (सर्वव्यापी)

जिले में प्रशासनिक कार्य संस्कृति को नई पहचान देने की दिशा में कलेक्टर विजय दयाराम के. ने एक सराहनीय और मानवीय पहल की है। अब शासकीय सेवकों को सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन संबंधी औपचारिकताओं के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।
कलेक्टर ने नवाचार करते हुए यह व्यवस्था शुरू की है कि जिस दिन अधिकारी या कर्मचारी सेवानिवृत्त होगा, उसी दिन उसे पेंशन भुगतान आदेश (पीपीओ) और ग्रेच्युटी भुगतान आदेश (जीपीओ) प्रदान किए जाएंगे।इस अभिनव पहल की शुरुआत 31 जुलाई 2026 को अधिवार्षिकी आयु पूर्ण कर सेवा से सेवानिवृत्त हुए 12 शासकीय सेवकों के सम्मान समारोह से की गई। कलेक्ट्रेट के अरपा सभा कक्ष में आयोजित गरिमामय कार्यक्रम में कलेक्टर ने सभी सेवानिवृत्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पीपीओ एवं जीपीओ सौंपते हुए उनके स्वस्थ, सुखमय और सम्मानपूर्ण जीवन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह पहल भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगी।
कलेक्टर विजय दयाराम के. ने कहा कि शासकीय सेवा केवल प्रशासनिक जिम्मेदारियों का निर्वहन नहीं, बल्कि समाज और शासन के प्रति समर्पण का प्रतीक होती है। उन्होंने कहा कि सेवा निवृत्ति किसी यात्रा का अंत नहीं, बल्कि जीवन के नए अध्याय की शुरुआत है, जहां वर्षों के अनुभव, ज्ञान और कार्यकुशलता का उपयोग समाज, परिवार और नई पीढ़ी के मार्गदर्शन में किया जा सकता है। उन्होंने सभी सेवानिवृत्त कर्मचारियों से सामाजिक सरोकारों और जनहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान भी किया।समारोह में सभी सेवानिवृत्त शासकीय सेवकों का तिलक लगाकर, पुष्पमाला पहनाकर, शाल एवं श्रीफल भेंटकर आत्मीय सम्मान किया गया। उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भी उनके दीर्घकालीन योगदान की सराहना करते हुए सम्मानपूर्वक विदाई दी।सम्मानित होने वालों में चंद्रशेखर सिसोदिया (व्याख्याता, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भर्रीडाड़), स्कोलोस्टिका डेनियल (प्राचार्य, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नमधा), पुरुषोत्तम दास वैष्णव (प्राचार्य, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय उसाड़), सुनील कुमार सोनी (व्याख्याता, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय धनौली), मनोरमा दुबे (प्रधान पाठक), प्रेम सिंह पैकरा (प्रधान पाठक), सावित्री चौहान (शिक्षक), उदय सिंह पोरते (प्रधान पाठक), इंद्रपाल सिंह चंद्रा (प्रधान पाठक), नारायण प्रसाद देवांगन (लेखापाल), राम कुमार कुलमित्र (शिक्षक) तथा राजेश्वरी कौशिक (सहायक ग्रेड-दो) शामिल रहे।कार्यक्रम में अपर कलेक्टर दिलेराम डाहिरे, जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी, जिला कोषालय अधिकारी धनेन्द्र सोनी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।




