
विकास नंद/ सर्वव्यापी

कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक लेकर जिले में चल रहे विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं, लंबित प्रकरणों तथा आगामी समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियों की व्यापक समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को शासन की प्राथमिकताओं और जनहित से जुड़े मामलों का निर्धारित समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ अनुपमा आनंद, अपर कलेक्टर सचिन भूतड़ा, रवि साहू, जगन्नाथ वर्मा सहित जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायत सीईओ, सीएमओ एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। वहीं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में शामिल हुए।
मोरासू तूफान की आशंका, आपदा प्रबंधन को लेकर प्रशासन सतर्क
मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार मोरासू तूफान की आशंका को देखते हुए कलेक्टर लंगेह ने सभी विभागों को सतर्क रहने और आवश्यक एहतियाती तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी आपदा की स्थिति में जनहानि और पशुहानि रोकना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। स्वास्थ्य विभाग को रैपिड रिस्पांस टीम गठित कर तैयार रखने, पुलिस विभाग को सतर्क रहने तथा विद्युत विभाग को संभावित व्यवधानों से निपटने के लिए आवश्यक इंतजाम करने को कहा गया। एसडीआरएफ एवं होमगार्ड के जवानों को भी जरूरत के अनुसार तैनात रखने तथा सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए। आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए पूर्व में गठित कंट्रोल रूम 24 घंटे संचालित रहेगा।
15 नवंबर से धान खरीदी, केंद्रों की तैयारियों का होगा नियमित निरीक्षण
समर्थन मूल्य पर 15 नवंबर से शुरू होने वाली धान खरीदी को लेकर कलेक्टर ने विशेष गंभीरता के साथ तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि खरीदी केंद्रों में किसानों की सुविधा के लिए शासन के दिशा-निर्देशों के अनुरूप सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूरी की जाएं। नोडल अधिकारियों को खरीदी शुरू होने से पहले अपने आवंटित केंद्रों का निरीक्षण कर निर्धारित चेकलिस्ट के अनुसार व्यवस्थाओं का परीक्षण करने के निर्देश दिए गए।धान खरीदी के दौरान किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए भुगतान हेतु आवश्यक राशि, बारदानों की उपलब्धता, धान का परिवहन तथा अन्य जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित करने को कहा गया।कलेक्टर ने जिला स्तरीय नोडल अधिकारियों को खरीदी अवधि में प्रत्येक सप्ताह कम से कम एक बार अपने आवंटित केंद्रों का निरीक्षण एवं पर्यवेक्षण करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान धान के उपलब्ध स्टॉक तथा नए एवं पुराने बारदानों का सत्यापन कर निर्धारित प्रारूप में जानकारी जिला कार्यालय को प्रस्तुत करनी होगी। केंद्रों में किसी भी प्रकार की समस्या सामने आने पर उसका समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
अवैध धान परिवहन रोकने बनेंगे चेकपोस्ट, एसडीएम स्वयं करेंगे मैदानी निरीक्षण
धान खरीदी के दौरान अवैध धान की आवक और परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कलेक्टर ने सभी अनुविभागीय अधिकारियों (राजस्व) को अपने-अपने क्षेत्रों में आवश्यकतानुसार चेकपोस्ट स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन रास्तों से अवैध धान की आवाजाही की आशंका है, उन पर विशेष निगरानी रखी जाए। सभी एसडीएम को स्वयं फील्ड में जाकर परिस्थितियों का जायजा लेने और निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
सीएम हेल्पलाइन के आवेदनों का सात से दस दिनों में करें निराकरण
सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि एल-1 स्तर पर प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर समय-सीमा में निराकरण किया जाए। उन्होंने प्रथम स्तर पर ही शिकायतों के समाधान के लिए सात से दस दिवस की समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने को कहा। बिना उचित कारण किसी भी आवेदन को स्पेशल क्लोजर में नहीं भेजने तथा अधिक से अधिक शिकायतों का वास्तविक निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
अपार आईडी, ई-ऑफिस और आधार आधारित उपस्थिति की समीक्षा
बैठक में विद्यार्थियों की अपार आईडी निर्माण की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने शिक्षा विभाग को कार्य में तेजी लाने और शेष विद्यार्थियों का पंजीयन शीघ्र पूरा कराने के निर्देश दिए। इसके अलावा ई-ऑफिस व्यवस्था एवं आधार आधारित उपस्थिति की समीक्षा करते हुए सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को कार्यालयीन कार्यों में ई-ऑफिस प्रणाली का प्रभावी उपयोग करने तथा आधार आधारित उपस्थिति का नियमित पालन सुनिश्चित करने को कहा।कलेक्टर ने संबंधित विभागों को पारस पोर्टल पर अद्यतन जानकारी दर्ज करने तथा डीसीएस सर्वे का कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश भी दिए।
जनदर्शन से लेकर पीएम आवास तक विभिन्न योजनाओं की समीक्षा
बैठक में कलेक्टर ने न्यायालयीन प्रकरणों में समय पर जवाबदावा प्रस्तुत करने के साथ ही वीबी-जी रामजी, प्राधिकरण, प्रधानमंत्री आवास योजना, कलेक्टर जनदर्शन, पीजी पोर्टल, लोक सेवा गारंटी अधिनियम तथा विभिन्न जनशिकायतों की विभागवार समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को लंबित मामलों में अनावश्यक देरी नहीं करने और आम नागरिकों को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।बैठक में विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों से संबंधित कार्यों, लंबित प्रकरणों और योजनाओं की प्रगति की जानकारी प्रस्तुत की। कलेक्टर लंगेह ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करें और शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप कार्यों में समयबद्धता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करें।




