
तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
कन्नौजिया तेली समाज की साधारण सभा का आयोजन बाला जयंती हायर सेकंडरी विद्यालय, डोंगरी में किया गया। सभा की अध्यक्षता केदार साव ने की। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष रामफल साव सहित समाज के अनेक पदाधिकारी, वरिष्ठजन एवं सदस्य उपस्थित रहे। सभा में सामाजिक एकता, संगठन की मजबूती, आदर्श सामूहिक विवाह, सामाजिक परंपराओं में आवश्यक बदलाव तथा समाज के विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।सभा को प्रदेश अध्यक्ष रामफल साव के साथ महेश साहू, उमेश साहू, दयाराम साहू, प्रकाश चंद साहू, श्रीमती सरोज साहू, सुरेश साहू, रथराम साहू, शेष साव एवं तरुण साहू ने संबोधित किया। वक्ताओं ने समाजहित से जुड़े विषयों पर अपने विचार रखे तथा संगठन द्वारा किए जा रहे कार्यों और सामाजिक गतिविधियों की जानकारी सभा के समक्ष प्रस्तुत की।आदर्श सामूहिक विवाह 15 अप्रैल 2027 कोअधिवेशन में समाज की ओर से आगामी आदर्श सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। सर्वसम्मति से आगामी सामूहिक विवाह के लिए 15 अप्रैल 2027, रामनवमी की तिथि निर्धारित की गई।निर्णय के अनुसार, विवाह के लिए रिश्ता तय करते समय ही वर एवं वधू पक्ष के परिवारों के बीच सामूहिक विवाह में शामिल होने के संबंध में चर्चा कर सहमति बनाने का प्रयास किया जाएगा। समाज की सभी ग्रामीण इकाइयों के पदाधिकारियों से अपने-अपने गांव में विवाह तय हो चुके परिवारों से संपर्क कर उन्हें सामूहिक विवाह के लिए प्रेरित करने का आग्रह किया गया।सामूहिक विवाह कार्यक्रम के सफल संचालन के लिए आयोजन समिति गठित करने का भी निर्णय लिया गया। समिति में सभी ग्रामीण इकाइयों के अध्यक्ष अथवा सचिव में से एक-एक सदस्य शामिल होंगे। संबंधित इकाइयों से सदस्यों के नाम प्रस्तावित करने का अनुरोध किया गया है। आयोजन की तैयारियों के समय समिति के समन्वयक की नियुक्ति की जाएगी।समाज ने आर्थिक रूप से संपन्न परिवारों से भी सामूहिक विवाह में सहभागी बनने की अपील की। निर्णय के अनुसार, इच्छुक परिवार अपने बच्चों का विवाह सामूहिक विवाह समारोह में संपन्न कराकर आयोजन में अपनी सामर्थ्य एवं इच्छानुसार सहयोग कर सकते हैं। ऐसे परिवार विवाह के बाद अपनी इच्छा और सामर्थ्य के अनुसार अलग से रिसेप्शन भी आयोजित कर सकेंगे।सभा में यह स्पष्ट किया गया कि सामूहिक विवाह में सम्मिलित होने वाले परिवारों के लिए आर्थिक सहयोग देना पूरी तरह स्वैच्छिक होगा। किसी भी परिवार पर सहयोग राशि देने की अनिवार्यता नहीं होगी और आर्थिक सहयोग न कर पाने के कारण किसी परिवार को सामूहिक विवाह में शामिल होने से वंचित नहीं किया जाएगा।अंत्येष्टि एवं काठी कार्यक्रम की परंपराओं पर निर्णयअधिवेशन में अंत्येष्टि एवं काठी कार्यक्रम के दौरान कफन-दफन के लिए कपड़े ले जाने की परंपरा पर भी विचार-विमर्श किया गया। निर्णय लिया गया कि आवश्यक कपड़े केवल निकट एवं आवश्यक रिश्तेदार ही लेकर जाएँ। अन्य सदस्य कपड़ों के स्थान पर संबंधित परिवार द्वारा निर्धारित दान पेटी में अपनी इच्छानुसार नकद राशि डाल सकते हैं। इस राशि का उपयोग किस कार्य में करना है, इसका निर्णय संबंधित परिवार अपने विवेक से करेगा।इसी प्रकार, गंगाजी में अस्थि विसर्जन कर लौटने वाले सदस्यों को भेंट देने की परंपरा पर चर्चा करते हुए समाज ने अपील की कि भेंट प्राप्त करने के लिए केवल पिंडदान करने वाले सदस्य को ही पीढ़े पर खड़ा किया जाए। परिवार के अन्य सदस्यों को अलग-अलग भेंट प्राप्त करने के लिए खड़ा करने से बचा जाए। इसका उद्देश्य परंपराओं के प्रति सम्मान बनाए रखते हुए रिश्तेदारों पर पड़ने वाले अनावश्यक आर्थिक भार को कम करना है।परिवार परामर्श समिति तत्काल प्रभाव से भंगअधिवेशन में परिवार परामर्श समिति के संबंध में भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। सर्वसम्मति से पूर्व में गठित परिवार परामर्श समिति को तत्काल प्रभाव से भंग करने का निर्णय लिया गया। साथ ही, समाज की ओर से स्पष्ट किया गया कि अब केंद्रीय इकाई किसी भी पारिवारिक विवाद की सुनवाई अथवा उसमें परामर्श देने की जिम्मेदारी नहीं लेगी।केंद्रीय इकाई के पदाधिकारियों ने समिति के सदस्यों द्वारा पूर्व में दिए गए समय, सहयोग एवं योगदान के लिए आभार व्यक्त किया तथा समिति के सदस्यों से खेद व्यक्त करते हुए क्षमा प्रार्थना की।वरिष्ठ नागरिक का सम्मान एवं समाज को आर्थिक सहयोगसभा के दौरान डोंगरी ग्राम के वरिष्ठ नागरिक जगेसर साहू का रामपाल साहू द्वारा सम्मान किया गया। वहीं, समाज के वरिष्ठ नागरिक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष केदार साव ने समाज को 1 लाख 11 हजार रुपये की सहयोग राशि प्रदान की। प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य भागीरथी साव ने समाज भवन निर्माण के लिए पूर्व में घोषित 1 लाख रुपये का धनादेश भेंट किया। इस प्रकार समाज को कुल 2 लाख 11 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग प्राप्त हुआ।इसके अतिरिक्त, युवा प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष विद्या भूषण साहू द्वारा प्रदेश कार्यकारिणी का गठन किया गया।सभा में परिवार परामर्श समिति के समक्ष प्राप्त एक प्रकरण की सुनवाई भी की गई। दोनों पक्षों के बीच सहमति नहीं बन पाने के कारण प्रकरण को नस्तीबद्ध कर दिया गया।अधिवेशन के अंत में अन्य शेष विषयों पर चर्चा आगामी बैठक में करने का निर्णय लेते हुए साधारण सभा की कार्यवाही संपन्न हुई।


