Newsछत्तीसगढ़

तीन जिलों के पुलिस कप्तानों का लंबा कार्यकाल, अब तबादले की आहट!

तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी

छत्तीसगढ़ पुलिस महकमे में एक बार फिर बड़े स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल की चर्चाएं तेज हो गई हैं। खासतौर पर बिलासपुर, कोरबा और मुंगेली जिले के पुलिस कप्तानों को लेकर पुलिस मुख्यालय से लेकर शासन स्तर तक संभावित बदलाव की सुगबुगाहट सामने आने लगी है। बिलासपुर के एसएसपी रजनेश सिंह, कोरबा के एसपी सिद्धार्थ तिवारी और मुंगेली के एसपी भोजराम पटेल लंबे समय से अपने-अपने जिलों की कमान संभाल रहे हैं। ऐसे में आगामी दिनों में इन जिलों में नए पुलिस कप्तानों की तैनाती को लेकर अटकलों का बाजार गर्म है।बिलासपुर एसएसपी रजनेश सिंह ने फरवरी 2024 में जिले की कमान संभाली थी। पदभार ग्रहण करते समय उन्होंने नशे के कारोबार, अपराध और माफियाराज पर सख्ती तथा पुलिस-पब्लिक रिस्पांस को प्राथमिकता देने की बात कही थी। सितंबर 2026 तक उनका कार्यकाल ढाई वर्ष से अधिक हो चुका है। ऐसे में यदि शासन व्यापक पुलिस प्रशासनिक फेरबदल करता है तो बिलासपुर भी महत्वपूर्ण केंद्र हो सकता है।इसी तरह कोरबा एसपी सिद्धार्थ तिवारी ने फरवरी 2024 में कोरबा पुलिस अधीक्षक का पदभार संभाला था। उन्हें तत्कालीन एमसीबी जिले से कोरबा भेजा गया था। करीब ढाई साल से अधिक समय से कोरबा की पुलिस व्यवस्था संभाल रहे सिद्धार्थ तिवारी के कार्यकाल में पुलिस विभाग के भीतर कई प्रशासनिक कार्रवाइयां भी हुई हैं। हाल के महीनों में उन्होंने थाना स्तर पर भी तबादले और अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। वहीं मुंगेली एसपी भोजराम पटेल भी लंबे समय से जिले की पुलिस व्यवस्था की कमान संभाल रहे हैं। सितंबर 2024 में उन्हें मुंगेली का एसपी बनाया गया था। जनवरी 2026 में उन्हें एसपी से एसएसपी पद पर पदोन्नति भी मिली। मुंगेली जिला प्रशासन की वर्तमान सूची में भी भोजराम पटेल पुलिस अधीक्षक के रूप में दर्ज हैं। तबादले की चर्चा क्यों?पुलिस विभाग में सामान्य तौर पर लंबे समय तक एक ही जिले में पदस्थापना के बाद अधिकारियों के स्थानांतरण को लेकर चर्चाएं तेज होना स्वाभाविक है। यही वजह है कि इन तीनों जिलों को लेकर भी संभावित फेरबदल की चर्चा पुलिस महकमे में सुनाई दे रही है। हालांकि अभी तक इन तीनों अधिकारियों के स्थानांतरण का कोई आधिकारिक आदेश सामने नहीं आया है, इसलिए फिलहाल इसे संभावित प्रशासनिक फेरबदल के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।खास बात यह भी है कि बिलासपुर संभाग पुलिस की दृष्टि से प्रदेश के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में शामिल है, जबकि कोरबा औद्योगिक और कानून-व्यवस्था की दृष्टि से संवेदनशील जिला है। मुंगेली में भी ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ अपराध नियंत्रण और अवैध गतिविधियों पर पुलिस की भूमिका महत्वपूर्ण रहती है। ऐसे में यदि शासन स्तर पर बदलाव का निर्णय होता है तो इन तीनों जिलों में नए पुलिस कप्तानों की नियुक्ति को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में भी नजरें टिकी रहेंगी।कौन संभालेगा तीनों जिलों की कमान?सबसे बड़ा सवाल अब यही है कि यदि तबादले होते हैं तो बिलासपुर, कोरबा और मुंगेली में नए पुलिस कप्तान कौन होंगे? पुलिस महकमे में संभावित नामों को लेकर चर्चाएं जरूर शुरू हो सकती हैं, लेकिन आधिकारिक आदेश जारी होने तक किसी भी नाम को अंतिम मानना जल्दबाजी होगी।फिलहाल तस्वीर यही है कि तीनों जिलों के मौजूदा पुलिस कप्तानों का कार्यकाल लंबा हो चुका है और संभावित पुलिस फेरबदल की आहट ने विभागीय हलकों में हलचल बढ़ा दी है। अब नजर शासन और पुलिस मुख्यालय के अगले आदेश पर है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!