
विकास नंद/सर्वव्यापी
छत्तीसगढ़ शिक्षक संघर्ष मोर्चा के प्रांतीय आह्वान पर मंगलवार को सरायपाली में टेट मुक्ति रैली एवं ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। शिक्षक हित से जुड़ी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर आयोजित रैली में बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाओं ने शामिल होकर अपनी आवाज बुलंद की।शिक्षकों ने हाथों में मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर निर्धारित मार्ग से रैली निकाली। इस दौरान टेट संबंधी अनिवार्यता से मुक्ति सहित विभिन्न मांगों के समर्थन में नारे लगाए गए। रैली के माध्यम से शिक्षकों ने शासन-प्रशासन का ध्यान अपनी समस्याओं की ओर आकर्षित करते हुए मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की।रैली के बाद शिक्षक संघर्ष मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल ने संबंधित अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में शिक्षकों ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में शिक्षक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ उनके सर्वांगीण विकास में शिक्षकों का योगदान अहम है। ऐसे में शिक्षक समुदाय से जुड़ी समस्याओं और मांगों का समयबद्ध निराकरण आवश्यक है।मोर्चा के पदाधिकारियों ने कहा कि टेट संबंधी अनिवार्यता से मुक्ति शिक्षकों की प्रमुख मांगों में शामिल है। उन्होंने कहा कि शिक्षक लंबे समय से अपनी जायज मांगों को लोकतांत्रिक तरीके से शासन के समक्ष रखते आ रहे हैं। शासन द्वारा मांगों पर सकारात्मक पहल किए जाने से शिक्षक वर्ग में विश्वास और उत्साह बढ़ेगा।कार्यक्रम में शिक्षकों की एकजुटता और संगठनात्मक भावना स्पष्ट रूप से देखने को मिली। पदाधिकारियों ने कहा कि मांगों के निराकरण तक संगठन द्वारा चरणबद्ध तरीके से लोकतांत्रिक प्रयास जारी रखे जाएंगे।कार्यक्रम में लव कुमार पटेल (अध्यक्ष), नरोत्तम पटेल, दुर्वादल दीप, लोकेश पात्र, चरण सिंह साहू, चंद्रशेखर पटेल, दरस पटेल, दीपक पटेल, मनोज पटेल, सत्य कुमार नायक, ललित कुमार साहू (अध्यक्ष), देवेंद्र भोई, कैलाश पटेल, नरेश बारिक, पवन कुमार यादव, धर्मेंद्र राणा, पंचानन साहू, अनिल बारिक, जोगेंद्र किशोर साहू एवं दिनेश प्रधान सहित बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं संगठन के सदस्य उपस्थित रहे। रैली एवं ज्ञापन कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ।



