Newsछत्तीसगढ़बिलासपुर

शिक्षिका लीना ने हैदराबाद में राष्ट्रीय कार्यशाला में जिले का किया प्रतिनिधित्व।

तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी

विद्यालयीन शिक्षा में संग्रहालयों की भूमिका को लेकर हैदराबाद, तेलंगाना में आयोजित पांच दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला में स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय, लिंगियाडीह बिलासपुर की व्याख्याता लीना कौशिक ने जिले का प्रतिनिधित्व किया।सांस्कृतिक एवं प्रशिक्षण स्रोत केंद्र, दिल्ली के तत्वावधान में 21 से 25 सितंबर तक आयोजित इस राष्ट्रीय कार्यशाला में देश के 15 राज्यों से 122 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। कार्यशाला का मुख्य विषय “विद्यालयीन शिक्षा में संग्रहालयों की भूमिका” रहा।कार्यशाला में छत्तीसगढ़ से महासमुंद, धमतरी, सारंगढ़, बालोद और गरियाबंद सहित विभिन्न जिलों के शिक्षकों ने भी सक्रिय भागीदारी की। इस दौरान विद्यालयीन शिक्षा में संग्रहालयों के महत्व, विद्यार्थियों को सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक विरासत से जोड़ने तथा स्थानीय परंपराओं के संरक्षण जैसे विषयों पर चर्चा हुई।व्याख्याता लीना कौशिक ने बताया कि बच्चों को राष्ट्रीय धरोहर और अपनी स्थानीय सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के लिए विद्यालय स्तर पर भी संग्रहालय की अवधारणा विकसित की जानी चाहिए। ऐसे संग्रहालयों में पारंपरिक, ऐतिहासिक एवं स्थानीय महत्व की वस्तुओं को सुरक्षित रखा जा सकता है, जिन्हें विद्यार्थी देखकर, सुनकर और स्पर्श के माध्यम से समझ सकेंगे। यदि विद्यार्थी स्वयं ऐसी वस्तुओं के संग्रह और संरक्षण में भागीदारी करें तो उनमें अपनी विरासत के प्रति रुचि और जिम्मेदारी की भावना भी विकसित होगी।कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को हैदराबाद के सालार जंग संग्रहालय, राज्य संग्रहालय तथा बिरला विज्ञान संग्रहालय का शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। कार्यशाला के अंतिम दिन विभिन्न राज्यों की पारंपरिक वस्तुओं और संस्कृति पर आधारित प्रदर्शनी आयोजित की गई। इसमें छत्तीसगढ़ की ओर से पारंपरिक व्यंजन ठेठरी-खुरमी प्रस्तुत किए गए, जिन्हें प्रतिभागियों ने खूब पसंद किया। वहीं छत्तीसगढ़ी वेशभूषा में प्रस्तुत दल नृत्य ने भी सभी का ध्यान आकर्षित किया।राष्ट्रीय स्तर की इस कार्यशाला ने विभिन्न राज्यों की संस्कृति, परंपराओं और शैक्षणिक अनुभवों को एक-दूसरे से जोड़ते हुए “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” की भावना को साकार किया।कार्यशाला में छत्तीसगढ़ की सहभागिता को सफल बनाने में राज्य परियोजना कार्यालय समग्र शिक्षा छत्तीसगढ़ की आयुक्त किरण कौशल, उप संचालक दिनेश कौशिक, सहायक संचालक मंजू साहू, सहायक कार्यक्रम समन्वयक राखी सिन्हा तथा सहायक कार्यक्रम समन्वयक बिलासपुर आरती राय का विशेष सहयोग रहा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!