
नूर मोहम्मद,जिला ब्यूरो चीफ,गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (सर्वव्यापी)

जिले में जमीनी स्तर पर संचालित जनकल्याणकारी सेवाओं की वास्तविक स्थिति परखने कलेक्टर विजय दयाराम के. लगातार मैदानी निरीक्षण कर रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने आज आंगनबाड़ी केंद्र अमाडांड, आंगनबाड़ी केंद्र कोडगार तथा आयुष्मान आरोग्य मंदिर-प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोडगार का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने बच्चों के पोषण, भोजन की गुणवत्ता, स्वास्थ्य सेवाओं, स्वच्छता और अभिलेख संधारण को बारीकी से परखा।
बच्चों की थाली में गुणवत्ता से समझौता नहीं
अमाडांड आंगनबाड़ी केंद्र में कलेक्टर ने बच्चों की उपस्थिति, निर्धारित मेन्यू के अनुसार भोजन, पोषण स्थिति तथा आंगन मिलन सेवा के तहत संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। बच्चों के लिए तैयार भोजन की गुणवत्ता की उन्होंने स्वयं जांच की।दाल की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं पाए जाने पर कलेक्टर विजय दयाराम के. ने नाराजगी जताते हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को तत्काल व्यवस्था में सुधार लाने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित सेक्टर सुपरवाइजर से दूरभाष पर चर्चा कर आंगनबाड़ी केंद्रों की नियमित निगरानी करने तथा बच्चों को निर्धारित मापदंड के अनुरूप पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने कहा।कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि बच्चों के पोषण के मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
स्वास्थ्य केंद्र में व्यवस्था से लेकर रिकॉर्ड तक की जांच
इसके बाद कलेक्टर ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर-प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोडगार का निरीक्षण किया। उन्होंने गर्भवती महिलाओं के पंजीयन, ओपीडी में आने वाले मरीजों, जनरल वार्ड, प्रसव कक्ष, आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता और केंद्र में साफ-सफाई की स्थिति का जायजा लिया।उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों को निर्देशित किया कि मरीजों को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हों और स्वास्थ्य केंद्र में स्वच्छता एवं आवश्यक व्यवस्थाएं हर समय दुरुस्त रहें।
रिकॉर्ड संधारण में लापरवाही पर कलेक्टर सख्त
निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य केंद्र में रिकॉर्ड संधारण में लापरवाही सामने आने पर कलेक्टर ने इसे गंभीरता से लिया। उन्होंने जिला पंचायत सीईओ को संबंधित सुपरवाइजर मुन्ना सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि आंगनबाड़ी और स्वास्थ्य केंद्र सीधे आमजन को सेवाएं प्रदान करने वाली महत्वपूर्ण संस्थाएं हैं। यहां पोषण आहार, स्वास्थ्य सेवाओं, साफ-सफाई और अभिलेखों के संधारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कमियों को तत्काल दूर करने और संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों की जवाबदेही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।कलेक्टर के इस मैदानी निरीक्षण से साफ है कि प्रशासनिक व्यवस्थाओं की समीक्षा केवल कागजी रिपोर्ट तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि जमीनी स्तर पर सेवाओं की गुणवत्ता और आमजन को मिल रहे वास्तविक लाभ को भी प्राथमिकता दी जा रही है।




