
तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी

पूर्व मंत्री पुन्नूलाल मोहले के गृह जिले मुंगेली में शिक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो रहे हैं। दाऊपारा स्थित स्वामी आत्मानंद हिंदी/अंग्रेजी माध्यम स्कूल, जिसे अब पीएमश्री स्कूल का दर्जा प्राप्त है, में निरीक्षण के दौरान सामने आई अव्यवस्थाओं पर नवपदस्थ जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. एम.एल. पटेल ने प्राचार्य सहित स्कूल के स्टाफ को जमकर फटकार लगाई।बताया जा रहा है कि जिला शिक्षा अधिकारी के निरीक्षण के दौरान विद्यालय में व्यवस्थाओं को लेकर कई कमियां सामने आईं। स्कूल को शासन की महत्वाकांक्षी पीएमश्री योजना के तहत विकसित किए जाने के बावजूद अपेक्षित शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्था नहीं मिलने पर डीइओ ने नाराजगी जताई।निरीक्षण के दौरान डॉ. पटेल ने स्कूल की साफ-सफाई, कक्षाओं की व्यवस्था, विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, शैक्षणिक गतिविधियों तथा विद्यालय संचालन से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की जानकारी ली। व्यवस्थाओं में कमी पाए जाने पर उन्होंने प्राचार्य और संबंधित कर्मचारियों को जिम्मेदारीपूर्वक कार्य करने के निर्देश दिए।पीएमश्री स्कूल में अव्यवस्था पर उठे सवालपीएमश्री योजना का उद्देश्य चयनित शासकीय विद्यालयों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त आदर्श विद्यालय के रूप में विकसित करना है। ऐसे में योजना के अंतर्गत आने वाले विद्यालय में ही यदि मूलभूत व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठते हैं तो यह शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है।नवपदस्थ डीईओ द्वारा निरीक्षण के दौरान दिखाई गई सख्ती से यह संकेत जरूर मिला है कि जिले में स्कूलों की वास्तविक स्थिति की जांच को लेकर विभाग अब गंभीरता बरत रहा है। हालांकि, निरीक्षण के बाद अव्यवस्थाओं को दूर करने के लिए क्या ठोस कार्रवाई की जाती है, यह देखने वाली बात होगी।अब सवाल यह है कि पीएम श्री का दर्जा मिलने के बावजूद दाऊपारा स्कूल में व्यवस्थाएं अपेक्षित स्तर तक क्यों नहीं पहुंच सकीं और इसके लिए जिम्मेदारी किसकी तय होगी?




