
तरुण कौशिक, संपादक सर्वव्यापी
छत्तीसगढ़ शासन के राजस्व विभाग द्वारा जारी 57 तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों की स्थानांतरण सूची में सीपत तहसीलदार गरिमा सिंह ठाकुर का रायपुर स्थानांतरण चर्चा में है। विभागीय सूत्रों के अनुसार यह स्थानांतरण पति-पत्नी आधार पर किया गया है,भले ही इसे प्रशासनिक बताया जा रहा है। प्रशासनिक व्यवस्था के साथ-साथ कर्मचारियों एवं अधिकारियों की पारिवारिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए इस प्रकार के स्थानांतरण को एक संवेदनशील और सराहनीय पहल के रूप में देखा जा रहा है।पति-पत्नी को एक ही स्थान या निकटस्थ स्थान पर पदस्थ करने की नीति से पारिवारिक संतुलन बना रहता है और अधिकारी अधिक बेहतर तरीके से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकते हैं। ऐसे मामलों में शासन की संवेदनशील सोच की प्रशंसा भी हो रही है।हालांकि, इसी के साथ राजस्व विभाग की जारी सूची को लेकर यह सवाल भी उठ रहे हैं कि लंबे समय से एक ही जिले में पदस्थ अधिकारियों और जिनके कार्यों को लेकर शिकायतें सामने आती रही हैं, उनके स्थानांतरण की समीक्षा क्यों नहीं की गई। प्रशासनिक पारदर्शिता के लिए आवश्यक है कि स्थानांतरण नीति सभी अधिकारियों के लिए समान रूप से लागू हो।राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा एवं विभागीय सचिव शम्मी आबिदी के समक्ष अब यह चुनौती होगी कि विभाग में तबादला प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी और जनहित के अनुरूप बनाए रखते हुए सभी वर्गों के अधिकारियों के मामलों की समय-समय पर समीक्षा की जाए।


